परमार्थ की मन्दाकिनी (Parmarth Ki Mandakini)

परमार्थ की मन्दाकिनी (Parmarth Ki Mandakini)
₹10.00
Book Code: 0364
कल्याण के आदि सम्पादक श्री भाईजी की लेखनी द्वारा तरङ्गित वैचारिक शिवधारा के अनेक लेखों का यह प्रवाह अवगाहन मात्र से पाठक को परमार्थ के दिव्य शिखर पर आरूढ़ कर देता है।
Description

Details

कल्याण के आदि सम्पादक श्री भाईजी की लेखनी द्वारा तरङ्गित वैचारिक शिवधारा के अनेक लेखों का यह प्रवाह अवगाहन मात्र से पाठक को परमार्थ के दिव्य शिखर पर आरूढ़ कर देता है।

The book by Sri Hanuman Prasad Poddar is a collection of articles mainly for the devotees of Shaiv cult reading which the devotees may install themselves to the highest peak of disinterested devotion.

Additional Information

Additional Information

Book Code 0364
Pages 96
Language हिन्दी, Hindi
Author हनुमान प्रसाद पोद्दार, Hanuman Prasad Poddar
Size (cms.) 13.3 x 20.3